प्रधानमंत्री ने 27% आरक्षण ओबीसी को देने का करार किया


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प्रधानमंत्री ने  27% आरक्षण ओबीसी को देने का करार किया
प्रधानमंत्री ने 27% आरक्षण ओबीसी को देने का करार किया

मेडिकल पाठ्यक्रम में आरक्षण देने का करार|medical pathaykram me aarkshan dene ka karar in hindi

भारत के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रधानमंत्री ने 27% आरक्षण ओबीसी को देने का करार किया मेडिकल पाठ्यक्रम में ओबीसी वर्ग के लिए 27% एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए 10% आरक्षण को न्याय संगत करार दिया है जिससे कि आर्थिक रूप से एवं पिछड़े वर्ग जिन्हें की ओबीसी कहा जाता है को पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए रास्ता साफ हो सके ।

अखिल भारतीय कोटा स्कीम 1986

मेडिकल कोर्स में प्रवेश के लिए अखिल भारतीय कोटा स्कीम 1986 को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लागू किया गया इसके अंतर्गत छात्र किसी भी राज्य के मेडिकल कॉलेज में दाखिला या प्रवेश ले सकें अखिल भारतीय कोटा के अंतर्गत स्नातक में 15% एवं स्नातकोत्तर में 50% सीट का प्रावधान है ।

मेडिकल शिक्षा में आरक्षण की सांसदों ने की मांग

मेडिकल शिक्षा के अंतर्गत प्रधानमंत्री ने 27% आरक्षण ओबीसी को देने का करार किया । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उन्हीं की एनडीए की सरकार के सांसदों द्वारा आरक्षण की मांग की गई जिसमें सांसदों द्वारा कहा गया कि अन्य पिछड़ा वर्गों के साथ भी आरक्षण का प्रावधान हो मेडिकल कोर्स में प्रवेश के लिए अखिल भारतीय कोटा स्कीम 1986 के अंतर्गत अखिल भारतीय कोटा में स्नातक को 50 प्रतिशत अंक 15% एवं स्नातकोत्तर में 50% सीट का प्रावधान है जिसके अंतर्गत आदिवासियों के लिए आरक्षण होती हैं ।सांसदों ने कहा कि मेडिकल में प्रवेश के लिए उपस्थिति परीक्षा देना होती है जिसके पास प्रवेश होता है इस दौरान ही आरक्षण का प्रबधान होने से ओबीसी पिछड़ा वर्ग के छात्रों को आरक्षण दिया जाए। आरक्षण की मांग करने वाले सांसदों में भूपेश यादव, गणेश सिंह, सुरेंद्र नागर और अनुप्रिया सिंह उन्होंने मेडिकल शिक्षा में आरक्षण की मांग की है इन सभी ने कल प्रधानमंत्री के लिए एक पत्र लिखा है जिसमें उन्होंने कहा है कि मेडिकल शिक्षा में अन्य आरक्षण के साथ-साथ ओबीसी एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों के लिए भी आरक्षण दिया जाए ।

भारत में आरक्षण की स्थिति |bharat me aarkshan ki sthiti

भारत में संविधान के निर्माण के दौरान ही आरक्षण की व्यवस्था अल्पसंख्यकों एवं निम्न वर्ग के लोगों को अपने मुख्यधारा में लाने के लिए की गई थी इसके तहत वह किसी भी वर्ग का हो जो कि निम्न वर्ग ,अल्पसंख्यक वर्ग का है उसको मुख्यधारा में लाने के लिए केवल 10 वर्ष के लिए आरक्षण की व्यवस्था की गई थी । जिसके तहत किसी भी परिस्थिति में आरक्षण को 50%से अधिक नहीं किया जा सकता । लेकिन वर्तमान समय में कुछ सरकारों द्वारा ओबीसी को आरक्षण देने के लिए इस 50% से भी अधिक का आरक्षण दिया गया है । इसका एक उदाहरण राजस्थान है जहां पर ओबीसी वर्ग को 14% आरक्षण के साथ देने के साथ ही वहां पर आरक्षण का प्रतिशत करीब 68% हो गया है जो कि आरक्षण नियम के अनुसार नहीं है वर्तमान समय में भी आरक्षण लागू है जबकि यह केवल 10 वर्ष के लिए ही लागू किया गया था ।

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